न्यूज़ रात तक कोरबा : जिले में झोलाछाप डॉक्टर के इलाज से मरीज की जान चली गई। डॉक्टर ने मरीज के पेट में इंजेक्शन लगाया था, जिससे पेट में तेज दर्द शुरू हो गया। हद तो तब हो गई जब डॉक्टर ने सही सलाह देने के बजाए धमकी देना शुरू कर दिया।
Korba Death Of Patient:
मरीज की शिकायत को सामान्य मान पुलिस विवेचना कर रही थी, अब उसी मरीज की मौत के बाद पुलिस ने झोलाछाप डॉक्टर के खिलाफ गैर ईरादतन हत्या का जुर्म दर्ज किया है। दरअसल, पसान थाना क्षेत्र के ग्राम पंचायत सेमरा के आश्रित ग्राम गुरुद्वारी में भानुप्रताप ओट्टी (40 वर्ष) निवास करता था। वह तबीयत खराब होने पर 3 नवंबर को समीप के गांव में रहकर ईलाज करने वाले जीपीएम जिले के डॉक्टर करन कुमार के पास पहुंचा। डॉक्टर ने एक के बाद एक हाथ, कमर और पेट में चार इंजेक्शन लगा दिया। इसके कुछ ही देर बाद भानुप्रताप के पेट में तेज दर्द शुरू हो गया।
बिलासपुर के अस्पताल में हुई मौत: भानुप्रताप का पेट दर्द और बढ़ता देख परिजनों ने उन्हें पेंड्रा के अस्पताल में भर्ती कराया. जहां 2 दिन तक उनका इलाज चलता रहा, लेकिन भानुप्रताप की तबीयत ठीक नहीं हुई. इसके बाद मरीज को बिलासपुर ले जाने की सलाह दी गयी. इसी बीच 20 नवंबर की सुबह भानुप्रताप की मौत हो गई.
झोलाछाप डॉक्टर के खिलाफ केस दर्ज: भानुप्रताप की मौत के बाद उनकी पत्नी सुकुल बाई ने झोलाछाप डॉक्टर करण कुमार के खिलाफ पसान पुलिस थाना में रिपोर्ट दर्ज कराई. शिकायत मिलने पर पुलिस ने झोलाछाप डॉक्टर करण कुमार के खिलाफ धारा 304 के तहत गैर इरादतन हत्या का अपराध दर्ज किया है. पसान थाना पुलिस मामले की जांच कर रही है.